प्रतिभा किसी सुविधा की मोहताज नहीं होती, उसे केवल सही संस्कार, प्रोत्साहन और सकारात्मक वातावरण की आवश्यकता होती है।
नन्हीं प्रतिभा ने चित्र के माध्यम से व्यक्त किया सम्मान, अंबिका विश्वकर्मा के जन्मदिन पर बनाया भावनात्मक चित्र

नन्हीं प्रतिभा ने चित्र के माध्यम से व्यक्त किया सम्मान, अंबिका विश्वकर्मा के जन्मदिन पर बनाया भावनात्मक चित्र
सिंगरौली। प्रतिभा किसी सुविधा की मोहताज नहीं होती, उसे केवल सही संस्कार, प्रोत्साहन और सकारात्मक वातावरण की आवश्यकता होती है। इसका सुंदर उदाहरण उस समय देखने को मिला जब एक नन्हीं बच्ची ने अपनी मासूम कल्पना और सृजनात्मक सोच से सर्वहितकारी जनकल्याण सेवा समिति के संस्थापक अंबिका विश्वकर्मा के जन्मदिन के अवसर पर उनका चित्र बनाने का प्रयास किया।
भले ही चित्र पूरी तरह स्पष्ट न हो, लेकिन उसमें छिपी भावना, सम्मान और स्नेह हर किसी का दिल जीत लेने वाली है। यह प्रयास इस बात का प्रमाण है कि प्रतिभा उम्र की मोहताज नहीं होती, बल्कि अच्छे संस्कार और प्रेरणा मिलने पर बचपन से ही अपनी पहचान बनाना शुरू कर देती है। यह नन्हीं प्रतिभा समिति के अभिन्न सदस्य सोनू विश्वकर्मा की सुपुत्री हैं। सोनू विश्वकर्मा स्वयं समाजसेवा के साथ-साथ बच्चों को निःशुल्क संगीत शिक्षा देकर उनमें कला, संस्कृति और नैतिक मूल्यों का विकास करने का सराहनीय कार्य कर रहे हैं। जब माता-पिता सेवा, समर्पण और मानवता के मार्ग पर चलते हैं, तो उनके संस्कार बच्चों के व्यक्तित्व और रचनात्मकता में भी सहज रूप से दिखाई देते हैं।
समिति के सदस्यों ने नन्हीं बच्ची के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रतिभाओं को समय-समय पर प्रोत्साहित किया जाना चाहिए, ताकि वे भविष्य में अपने सपनों को नई उड़ान दे सकें। सभी ने बिटिया के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए ईश्वर से प्रार्थना की कि उसकी प्रतिभा निरंतर निखरे और वह जीवन में सफलता की नई ऊँचाइयों को प्राप्त करे।



